
मैड्रिड, 8 जनवरी। स्पेन के प्रधानमंत्री पेड्रो सांचेज ने गाजा पट्टी में शांति बहाली के लिए अपनी सेना भेजने की इच्छा जाहिर की है। स्पेनिश राजदूतों की बैठक में गुरुवार को उन्होंने कहा कि अवसर मिलते ही वे संसद में प्रस्ताव लाएंगे ताकि फिलिस्तीन में शांति मिशन तैनात किया जा सके।
सांचेज ने जोर देकर कहा, ‘हमने फिलिस्तीन और गाजा को कभी नहीं भुलाया। वहां की स्थिति असहनीय है और स्पेन को उम्मीद की किरण बनने में सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए।’ उन्होंने यूक्रेन में भी शांति समझौते के बाद सेना भेजने की बात दोहराई, इसे यूरोप के लिए आवश्यक कदम बताया।
स्पेन ने 2024 में फिलिस्तीन को देश के रूप में मान्यता दी थी और गाजा में इजरायली कार्रवाई की यूरोप में सबसे तीखी आलोचना की। 7 अक्टूबर 2023 को हमास के हमले के बाद शुरू हुई यह जंग 2025 में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की मध्यस्थता से युद्धविराम पर पहुंची। पहला चरण पूरा हो चुका है, दूसरा चरण चल रहा है।
सांचेज ने कहा, ‘हमने दूर-दराज इलाकों में शांति सेनाएं भेजी हैं, यूक्रेन के लिए क्यों नहीं?’ रूसी राष्ट्रपति पुतिन विदेशी सेना के खिलाफ हैं, लेकिन स्पेन का इरादा पक्का है। यह कदम मध्य पूर्व में स्थिरता लाने की दिशा में बड़ा बदलाव ला सकता है।