
मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच कतर ने महत्वपूर्ण कदम उठाया है। दोहा स्थित कतर के इंटरनेशनल मीडिया ऑफिस ने बुधवार को स्पष्ट किया कि अल उदैद एयरबेस से कुछ अमेरिकी कर्मियों को वापस बुलाया जा रहा है। यह फैसला क्षेत्रीय अस्थिरता को ध्यान में रखते हुए लिया गया है, खासकर ईरान में जारी आंदोलनों के संदर्भ में।
बयान में कहा गया कि कतर अपने नागरिकों और रहिवासियों की सुरक्षा को प्राथमिकता दे रहा है। महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे और सैन्य केंद्रों की रक्षा के लिए हर संभव उपाय किए जा रहे हैं। अल उदैद, जो अमेरिका का सबसे बड़ा विदेशी सैन्य अड्डा है, इसकी चपेट में है।
इससे पहले खबरें आईं थीं कि अमेरिका मध्य पूर्व के अपने ठिकानों से गैर-जरूरी स्टाफ हटा रहा है। ईरान के रक्षा मंत्री अजीज नसीरजादेह ने चेतावनी दी कि किसी भी आक्रमण का मुंहतोड़ जवाब दिया जाएगा। उन्होंने अमेरिकी सैन्य मेजबान देशों को भी आगाह किया।
संयुक्त राष्ट्र में ईरान के राजदूत अमीर सईद इरावानी ने महासचिव एंतोनियो गुटेरेस को पत्र लिखकर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर हिंसा भड़काने का आरोप लगाया। ट्रुथ सोशल पोस्ट का हवाला देते हुए उन्होंने निंदा की मांग की। अमेरिकी वर्चुअल दूतावास ने भी नागरिकों से ईरान छोड़ने को कहा।
ये घटनाएं क्षेत्रीय युद्ध की आशंका को बढ़ा रही हैं। कतर का यह कदम सतर्कता का प्रतीक है, जो वैश्विक शक्तियों के बीच संतुलन की चुनौतियों को उजागर करता है।