
नई दिल्ली में आयोजित इंडिया एआई इम्पैक्ट एक्सपो 2026 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विचारों, नवाचार और दृढ़ इरादों का शक्तिशाली संगम करार दिया। सोशल मीडिया एक्स पर पोस्ट साझा करते हुए उन्होंने कहा कि यह आयोजन भारतीय प्रतिभा की एआई के भविष्य को वैश्विक कल्याण के लिए ढालने की अपार क्षमता को उजागर करता है।
पीएम मोदी ने जोर देकर कहा कि सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि इसने मानव प्रगति के लिए एआई का जिम्मेदार, समावेशी और बड़े पैमाने पर उपयोग करने की भारत की प्रतिबद्धता को मजबूत किया। इससे पहले सोमवार को भारत मंडपम में इस एक्सपो का उद्घाटन करते हुए उन्होंने बताया कि एआई में भारत की प्रगति न केवल देश के लिए बदलावकारी समाधान लाएगी बल्कि विश्व उन्नति में भी योगदान देगी।
नवप्रवर्तकों, शोधकर्ताओं और तकनीकी प्रेमियों के बीच रहकर एआई तथा भारतीय प्रतिभा व नवाचार की अद्भुत क्षमता का अहसास हुआ, पीएम ने कहा। उन्होंने कहा, ‘हम एक साथ मिलकर न केवल भारत बल्कि पूरी दुनिया के लिए समाधान बनाएंगे।’
यह एक्सपो इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026 के साथ हो रहा है, जो ग्लोबल साउथ में पहला वैश्विक एआई सम्मेलन है। इसमें 20 से अधिक राष्ट्राध्यक्ष, 60 मंत्री और 500 वैश्विक एआई नेता शामिल हो रहे हैं, जो अभूतपूर्व भागीदारी है।
समिट में राष्ट्राध्यक्ष, मंत्री, तकनीकी नेता, शोधकर्ता, बहुपक्षीय संस्थाएं और उद्योग हितधारक एकजुट होकर एआई की समावेशी विकास, सार्वजनिक व्यवस्था मजबूती और सतत विकास में भूमिका पर चर्चा कर रहे हैं। ग्लोबल साउथ में इतने बड़े स्तर का वैश्विक आयोजन पहली बार हो रहा है।
समिट का लक्ष्य एआई को प्रभाव-उन्मुख और जन-केंद्रित बनाना है, जिसमें सामाजिक-आर्थिक परिणाम मापने योग्य हों। पीएम मोदी के नेतृत्व में भारत जिम्मेदार एआई का वैश्विक केंद्र बन रहा है।