
तेहरान। ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्लाह अली खामेनेई ने दावा किया है कि देश ने अमेरिका और इजरायल की ओर से रची गई नई साजिश को पूरी तरह नाकाम बना दिया। एक धार्मिक समारोह में दिए भाषण में उन्होंने कहा कि वॉशिंगटन और तेल अवीव की चालबाजी नाकाफी साबित हुई।
खामेनेई ने अमेरिका पर ईरान में अस्थिरता फैलाने का आरोप लगाया ताकि वह इसे काबू में कर सके। उन्होंने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को हालिया दंगों में हुई मौतों और तबाही का जिम्मेदार ठहराया, उन्हें अपराधी करार दिया। ट्रंप ने तो खुलेआम दंगाइयों का साथ दिया और हथियार मदद तक की बात कही।
ईरान युद्ध के पक्षधर नहीं, लेकिन अशांति फैलाने वालों को सजा देने से पीछे नहीं हटेगा, यह स्पष्ट किया। दिसंबर अंत में आर्थिक मुद्दों से शुरू हुए विरोध, हिंसक होने के बाद अब शांत हो रहे हैं।
अधिकारियों के मुताबिक शांतिपूर्ण प्रदर्शन असामाजिक तत्वों ने बिगाड़ा। तस्नीम एजेंसी ने बताया कि 3,000 से अधिक लोगों को हिरासत में लिया गया।
सुरक्षा सुधरने पर शनिवार से मोबाइल एसएमएस बहाल, रविवार से स्कूल खुलेंगे। लेबनान के हिजबुल्लाह ने समर्थन दिया, नेता नईम कासिम ने ईरान को प्रतिरोध की ताकत बताया।
विदेश मंत्रालय ने जी-7 की टिप्पणियों की निंदा की, आंतरिक मामलों में दखल बंद करने को कहा। खामेनेई का बयान ईरान की मजबूती का प्रतीक है।