
यरूशलम के संवेदनशील धार्मिक स्थल अल-अक्सा मस्जिद परिसर में रविवार को इजरायल के राष्ट्रीय सुरक्षा मंत्री इतमार बेन ग्विर का पहुंचना नया विवाद खड़ा कर गया। उनके भड़काऊ बयानों पर जॉर्डन ने कड़ा ऐतराज जताया है, इसे यथास्थिति का स्पष्ट उल्लंघन बताया।
वीडियो फुटेज में बेन ग्विर को परिसर में घूमते और ऐसी मुद्रा में दिखाया गया जो प्रार्थना जैसी प्रतीत होती है। उन्होंने कहा, ‘यहां आकर लगता है जैसे यह जगह मेरी है।’ साथ ही, उन्होंने प्रधानमंत्री नेतन्याहू पर बदलाव के लिए दबाव बनाने की बात कही।
जॉर्डन के विदेश मंत्रालय ने तीखी प्रतिक्रिया में इसे धार्मिक पवित्रता पर हमला करार दिया। अल-अक्सा इस्लाम का तीसरा सबसे पवित्र स्थल है, जो प्राचीन यहूदी मंदिर स्थलों पर बना है। यह जगह इजरायली बलों और फिलिस्तीनियों के बीच टकराव का केंद्र रही है।
लंबे समय से चली आ रही व्यवस्था के तहत यहूदी पर्यटक जा सकते हैं, लेकिन प्रार्थना वर्जित है। जॉर्डन का वक्फ प्रबंधन संभालता है। बेन ग्विर की यह हरकत पुरानी परंपराओं को चुनौती देती है।
पिछले ऐसे दौरे पर नेतन्याहू को यथास्थिति बनाए रखने का ऐलान करना पड़ा था। फिलहाल उनके कार्यालय से चुप्पी है। पासा उलटे और रमजान के समय में यह घटना हिंसा को न्योता दे सकती है। मध्य पूर्व की शांति पर खतरा मंडरा रहा है।

