
जकार्ता। दक्षिण सुलावेसी के पांगकेप क्षेत्र में माउंट बुलुसाराउंग की दुर्गम चोटियों पर रविवार को एक सनसनीखेज खोज हुई। लापता एटीआर 42-500 विमान के मलबे के टुकड़े बरामद होने के साथ ही बचाव दल ने एक पीड़ित को भी खोज निकाला। यह खबर विमान दुर्घटना के शिकार परिवारों के लिए आशा की किरण बनी हुई है।
पहाड़ी ढलान पर मिले पीड़ित को टोंपोबुलु गांव के सर्च एंड रेस्क्यू कमांड पोस्ट ले जाया जा रहा है। हसनुद्दीन मिलिट्री कमांड के प्रमुख मेजर जनरल बांगुन नावको ने पत्रकारों से कहा, ‘आज हमारे पास सुखद समाचार है। टीम ने मलबे के कई हिस्से निकाले और एक शिकार को भी बचा लिया।’
टॉम्पोबुलु के अजू कमांड पोस्ट तक पीड़ित को पहुंचाने का कार्य जारी है, लेकिन उसकी पहचान और हालत की पुष्टि अभी बाकी है। नावको ने बताया कि दुर्गम इलाके में कार्यरत दल को अभी विस्तृत जानकारी साझा करने में कठिनाई हो रही है। उन्होंने जोर देकर कहा कि पीड़ित मलबे से ज्यादा दूर नहीं था, लेकिन कोहरे और खड़ी चढ़ाई चुनौतियां बनी हुई हैं।
यह विमान शनिवार को योग्याकार्ता से मकासर जा रहा था, जब मारोस क्षेत्र में संपर्क टूट गया। बोर्ड पर 10 लोग थे – सात चालक दल सदस्य और तीन यात्री। इंडोनेशिया की उबड़-खाबड़ भौगोलिक स्थिति विमानन हादसों को न्योता देती रही है। बचाव अभियान तेज, सभी की निगाहें बाकी शिकारों पर।