
सियोल की अदालत ने बुधवार को एक ऐतिहासिक फैसला सुनाते हुए दक्षिण को हटाए गए राष्ट्रपति यून सुक येओल की पत्नी किम कियोन ही को 20 महीने की जेल की सजा दी। यूनिफिकेशन चर्च से व्यवसायिक लाभ के लिए महंगे उपहार लेने के मामले में दोषी ठहराई गईं किम देश के पहले पूर्व राष्ट्रपति दंपति बन गईं, जिन्हें अपराध के लिए सजा हुई।
सियोल सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट कोर्ट ने पाया कि किम ने जुलाई 2022 में चर्च के अधिकारी से स्नेल बैग और लग्जरी नेकलेस लिया, जो उनके पद का दुरुपयोग था। चर्च की अपील के बीच इनकीमती वस्तुओं को ठुकराने में नाकामी को कोर्ट ने गंभीर माना। अप्रैल 2022 का एक अन्य बैग रिश्वत नहीं पाया गया।
स्पेशल काउंसल की टीम ने 15 साल की सजा मांगी थी, लेकिन कोर्ट ने स्टॉक हेराफेरी और राजनीतिक फंड एक्ट उल्लंघन के आरोपों से उन्हें बरी कर दिया। बीएमडब्ल्यू डीलर डॉयच मोटर्स से जुड़े 810 मिलियन वॉन के गैरकानूनी लाभ की साजिश में सक्रिय भूमिका साबित न हुई। 12.8 मिलियन वॉन जब्त करने का आदेश भी जारी हुआ।
पिछले साल अगस्त से हिरासत में किम ने सभी आरोप नकारे। उनके पति को मार्शल लॉ प्रयास के लिए पांच साल की सजा मिल चुकी है। अभियोजकों ने फैसले पर असंतोष जताते अपील का ऐलान किया, जबकि किम के वकील सजा को कठोर बताकर विकल्प तलाश रहे हैं।
यह मामला दक्षिण कोरिया की राजनीति में भ्रष्टाचार की गहराई उजागर करता है, जहां प्रभाव, धर्म और व्यापार के जटिल रिश्ते सत्ता के शीर्ष पर पहुंचे लोगों को ललकार रहे हैं। जनता अब पारदर्शिता और जवाबदेही की मांग कर रही है।