
नई दिल्ली में भ्रष्टाचार के खिलाफ केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने एक और बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। सीलमपुर स्थित दिल्ली जल बोर्ड कार्यालय में तैनात चपरासी व सहायक मीटर रीडर विनोद कुमार और उसके साथी नितिन कुमार को शिकायतकर्ता से 6,500 रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया। यह रिश्वत शिकायतकर्ता के घर के बकाया जल बिल को माफ कराने और सुधारने के बदले मांगी गई थी, जिसकी कुल राशि 12,000 रुपये थी।
8 फरवरी को दर्ज शिकायत के अनुसार, विनोद ने 3 फरवरी को ही 5,500 रुपये ऐवज में ले लिए थे और बाकी रकम की मांग जारी रखी। सीबीआई ने तत्काल जाल बिछाया और 9 फरवरी को दोनों को धर दबोचा। अब दोनों हिरासत में हैं और गहन पूछताछ चल रही है, ताकि इस नेटवर्क का पर्दाफाश हो सके।
यह गिरफ्तारी सरकारी महकबों में व्याप्त भ्रष्टाचार पर लगाम कसने की सीबीआई की प्रतिबद्धता को दर्शाती है। एजेंसी ने आम नागरिकों से अपील की है कि यदि कोई अधिकारी रिश्वत मांगे तो बिना देर किए सूचना दें। संपर्क के लिए सीबीआई एसीबी दिल्ली कार्यालय, लोधी रोड या फोन नंबर 011-24367887 व 9650394847 उपलब्ध हैं।
हाल ही में दिल्ली पुलिस के एक एएसआई को भी इसी तरह रिश्वत लेते पकड़ा गया था। ये लगातार कार्रवाइयां दिल्ली में स्वच्छ प्रशासन की दिशा में सकारात्मक कदम हैं।