
अदीस अबाबा। संयुक्त राष्ट्र अफ्रीका आर्थिक आयोग के कार्यकारी सचिव क्लेवर गटेते ने अफ्रीकी देशों से विकास के लिए वित्त को बेहतर तरीके से जुटाने और प्रबंधन करने तथा महाद्वीपीय बाजार एकीकरण को मजबूत बनाने का आग्रह किया है। अफ्रीकी संघ के 48वें कार्यकारी परिषद सत्र के उद्घाटन में उन्होंने कहा कि वैश्विक आर्थिक अनिश्चितताओं से निपटने के लिए यह अनिवार्य है।
दुनिया गहरे आर्थिक बदलावों से गुजर रही है, जहां विकास दर मंद पड़ रही है, व्यापारिक विवाद बढ़ रहे हैं और आपूर्ति श्रृंखलाएं पुनर्गठित हो रही हैं। गटेते ने चेताया कि नई विश्व अर्थव्यवस्था औद्योगिक नीतियों, भू-राजनीतिक प्रतिस्पर्धा और संसाधनों पर नियंत्रण के इर्द-गिर्द घूम रही है। विकास के पुराने नियम अब अप्रासंगिक हो चुके हैं।
पूंजी की लागत बढ़ रही है, सहायता घट रही है, सुरक्षा खतरों और जलवायु संकट ने चुनौतियां और गंभीर कर दी हैं। बाहरी सहयोगियों पर निर्भरता—कच्चे माल का निर्यात, तैयार माल का आयात और सस्ता वित्त—अब काम नहीं आएगा।
गटेते ने पांच प्रमुख कदम सुझाए: वित्तीय संसाधनों का सशक्त उपयोग, उत्पादक अवसंरचना में निवेश, एएफसीएफटीए के तहत मूल्य श्रृंखलाओं का विकास, बाजार एकीकरण और प्रौद्योगिकी को आर्थिक आधार बनाना।
एयू के 39वें शिखर सम्मेलन के तहत हो रही इस बैठक में विदेश मंत्री भाग ले रहे हैं, जो 2026 की थीम जल और स्वच्छता पर केंद्रित है। अफ्रीका अब आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ सकता है, जो महाद्वीप को वैश्विक तूफानों से बचाएगा।