
नई दिल्ली में ग्रामीण शासन को नई दिशा देने वाली एक महत्वपूर्ण पहल की घोषणा हुई है। पंचायती राज मंत्रालय ने यूनिसेफ के सहयोग से ‘पंचम’ नामक चैटबॉट विकसित किया है, जो पंचायतों को त्वरित जानकारी और सहायता प्रदान करेगा। शनिवार को जारी बयान में मंत्रालय ने बताया कि यह चैटबॉट पंचायती राज संस्थाओं को सशक्त बनाने में मील का पत्थर साबित होगा।
रविवार को आयोजित सम्मान समारोह में उन पंचायत प्रतिनिधियों को पुरस्कृत किया जाएगा, जिन्हें 2026 की गणतंत्र दिवस परेड में विशेष अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया है। केंद्रीय राज्य मंत्री प्रोफेसर एसपी सिंह बघेल इनका सम्मान करेंगे। ये प्रतिनिधि सरपंच, मुखिया, ग्राम प्रधान व ब्लॉक-जिला पंचायत अध्यक्ष हैं, जिनकी पंचायतों में केंद्र की योजनाएं पूरी तरह लागू हो चुकी हैं।
कार्यक्रम में ग्रामोदय संकल्प पत्रिका का 17वां अंक, 2025 का पीआरआई आंकड़ा संकलन, पंचायत सेवाओं पर विशेषज्ञ रिपोर्ट और पीईएसए रैंक इंडिकेटर जारी होंगे। लगभग 240 प्रमुखों को राज्यों व केंद्र शासित प्रदेशों ने नामित किया है, जो विकसित भारत के लक्ष्य में योगदान दे रहे हैं।
जीवनसाथियों समेत करीब 450 अतिथि गणतंत्र दिवस समारोह में शरीक होंगे। 25 जनवरी को वे प्रधानमंत्री संग्रहालय का दौरा करेंगे, जहां स्वतंत्र भारत की शासन यात्रा का अवलोकन करेंगे। मंत्रालय की झांकी ‘स्वामित्व योजना: आत्मनिर्भर पंचायत से समृद्ध भारत’ भी देखेंगे।
इधर, राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू 77वें गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर रविवार शाम 7 बजे देशवासियों को संबोधित करेंगी। यह संदेश आकाशवाणी व दूरदर्शन पर हिंदी व अंग्रेजी में प्रसारित होगा।