
नई दिल्ली। मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के कारण जेट ईंधन की कीमतों में उछाल आया है, जिसके असर से भारत की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो ने बड़ा फैसला लिया है। शुक्रवार को कंपनी ने घोषणा की कि 14 मार्च से घरेलू और अंतरराष्ट्रीय दोनों उड़ानों के टिकटों पर फ्यूल सरचार्ज लगाया जाएगा। यह शुल्क 425 रुपये से लेकर 2,300 रुपये तक होगा, जो रूट के आधार पर अलग-अलग निर्धारित किया गया है।
कंपनी के बयान में कहा गया कि मिडिल ईस्ट क्षेत्र में भू-राजनीतिक अस्थिरता से एविएशन टर्बाइन फ्यूल (एटीएफ) की कीमतें 85 प्रतिशत से ज्यादा बढ़ गई हैं। आईएटीए के जेट फ्यूल मॉनिटर के अनुसार यह बढ़ोतरी अभूतपूर्व है, जिसने एयरलाइंस के खर्च को कई गुना बढ़ा दिया है।
इंडिगो ने स्पष्ट किया कि यह सरचार्ज सभी नई बुकिंग्स पर लागू होगा, ताकि संचालन लागत का बोझ संभाला जा सके। इससे पहले एयर इंडिया और एयर इंडिया एक्सप्रेस ने भी इसी तरह के शुल्क लगाए हैं। एयर इंडिया ने 12 मार्च से घरेलू उड़ानों पर 399 रुपये प्रति टिकट का चार्ज जोड़ा है।
अंतरराष्ट्रीय रूट्स पर यह विविध है। पश्चिम एशिया के लिए 10 डॉलर, अफ्रीका के लिए 30 से 90 डॉलर, और दक्षिण-पूर्व एशिया के लिए 20 से 60 डॉलर अतिरिक्त देने पड़ेंगे। एयरलाइंस का मानना है कि चरणबद्ध तरीके से ये शुल्क लागू करने से लागत प्रबंधन आसान होगा।
यात्रियों को सलाह दी जाती है कि वे टिकट बुकिंग से पहले कीमतें जांच लें। बढ़ती ईंधन लागत के दौर में यह कदम एयरलाइंस की स्थिरता के लिए जरूरी है, लेकिन आम आदमी की जेब पर असर डालेगा। इंडिगो ने आश्वासन दिया कि सेवा की गुणवत्ता बरकरार रहेगी।