
नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने फिनलैंड के राष्ट्रपति अलेक्जेंडर स्टब के साथ द्विपक्षीय वार्ता के दौरान भारत और फिनलैंड के बीच डिजिटलीकरण व स्थिरता पर रणनीतिक साझेदारी को मजबूत करने का ऐलान किया। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, 6जी, स्वच्छ ऊर्जा तथा क्वांटम कंप्यूटिंग जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर जोर दिया गया।
हैदराबाद हाउस में हुई इस उच्च स्तरीय बैठक में हाई-टेक क्षेत्रों में उभरते सहयोग पर चर्चा हुई। पीएम मोदी ने कहा कि ये प्रयास दोनों देशों के रिश्तों को नई गति प्रदान कर रहे हैं। इस वर्ष की शुरुआत में भारत-यूरोपीय संघ के ऐतिहासिक मुक्त व्यापार समझौते से व्यापार, निवेश और प्रौद्योगिकी साझेदारी को बल मिलेगा।
राष्ट्रपति स्टब का अपनी पहली भारत यात्रा पर स्वागत करते हुए पीएम मोदी ने रायसीना डायलॉग के मुख्य अतिथि बनने पर प्रसन्नता जताई। यूक्रेन से पश्चिम एशिया तक वैश्विक संघर्षों के बीच भारत-यूरोप संबंध स्वर्णिम दौर में हैं।
क्षेत्रीय व वैश्विक मुद्दों पर विचार-विमर्श के साथ बहुपक्षीय मंचों पर सहयोग की संभावनाएं तलाशी गईं। विदेश मंत्रालय के मुताबिक, रणनीतिक संबंधों को सशक्त बनाने पर फोकस रहा।
इससे पूर्व विदेश मंत्री एस जयशंकर ने राष्ट्रपति स्टब से भेंट की। उन्होंने रायसीना डायलॉग में उनके संबोधन का इंतजार जताया। वार्ता के बाद पीएम मोदी ने सम्मान में भोज का आयोजन किया।
यह साझेदारी भारत की तकनीकी आत्मनिर्भरता को मजबूत करेगी तथा फिनलैंड की विशेषज्ञता का लाभ देगी, जिससे दोनों देशों का भविष्य उज्ज्वल होगा।