
नोएडा के एक निजी अस्पताल में शुक्रवार सुबह भारतीय क्रिकेटर रिंकू सिंह के पिता खानचंद सिंह का लिवर कैंसर से निधन हो गया। 21 फरवरी को तबीयत बिगड़ने पर ग्रेटर नोएडा के यथार्थ अस्पताल में भर्ती हुए 55 वर्षीय खानचंद को वेंटिलेटर पर रखा गया था, लेकिन सुबह 4:36 बजे उन्होंने अंतिम सांस ली। यह खबर क्रिकेट जगत में शोक की लहर ला गई।
यूपीसीए सचिव प्रेम मनोहर गुप्ता ने गहन शोक जताते हुए कहा कि यह असामयिक क्षति बेहद दर्दनाक है। उनकी आयु अधिक नहीं थी और वे कैंसर से जूझ रहे थे। ईश्वर उन्हें शांति प्रदान करें और परिवार को यह दुख सहने की ताकत दें। यूपीसीए के सभी सदस्य इस विपदा में उनके साथ खड़े हैं।
गुप्ता ने बताया कि परिवार में अभी विवाह तय होने जैसी खुशियां थीं और रिंकू 2026 टी20 विश्व कप के लिए भारतीय टीम में शामिल हैं। उन्होंने कहा, अभी उनसे बात नहीं हुई, लेकिन शांति पाठ या तेरहवीं पर जरूर जाएंगे। यह अपूरणीय हानि है, मगर खेलरूपी क्षेत्र में मानसिक मजबूती होती है, रिंकू शीघ्र उबर जाएंगे।
रिंकू गुरुवार को चेन्नई में जिम्बाब्वे मैच से पहले पिता से मिलने नोएडा पहुंचे थे, हालांकि प्लेइंग इलेवन में नहीं थे। बीसीसीआई सचिव देवजीत सैकिया ने भी संवेदना व्यक्त की। खानचंद के बलिदान ने रिंकू को स्टार बनाया, अब पूरा समुदाय उनके परिवार के प्रति एकजुट है।