
पाकिस्तान सुपर लीग (पीएसएल) ने अपने 11वें संस्करण से पहले बड़ा दांव खेला है। पारंपरिक प्लेयर ड्राफ्ट सिस्टम को पूरी तरह समाप्त कर दिया गया है। अब सभी फ्रेंचाइजी नीलामी के जरिए अपनी टीम बनाएंगी। पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (पीसीबी) ने सोमवार को इसकी आधिकारिक घोषणा की।
पीसीबी का मकसद टीमों के बीच संतुलन कायम करना, पारदर्शिता लाना और खिलाड़ियों को बेहतर कमाई के मौके देना है। नई नीति में प्रत्येक फ्रेंचाइजी अधिकतम चार खिलाड़ी रिटेन कर सकेगी, लेकिन हर कैटेगरी से सिर्फ एक। पहले से यह संख्या कम हो गई है। मेंटर्स, ब्रांड एंबेसडर और आरटीएम कार्ड्स जैसे विकल्प हटा दिए गए हैं।
नई टीमों को नीलामी से पूर्व पूल से चार खिलाड़ी चुनने की छूट मिलेगी। हर फ्रेंचाइजी एक ऐसे विदेशी सितारे को सीधे साइन कर सकती है जो पीएसएल 10 में नहीं खेला। इससे नई प्रतिभाओं का आगमन होगा। सैलरी पर्स को 1.6 मिलियन डॉलर तक बढ़ाया गया है।
पीएसएल 11 का आगाज 26 मार्च को होगा, जिसमें फैसलाबाद नया वेन्यू बनेगा। पीसीबी ने इसे लीग की प्रगति, क्रिकेट गुणवत्ता और प्रशंसक जुड़ाव बढ़ाने वाला कदम बताया। नीलामी, शेड्यूल और दिशानिर्देशों की जानकारी जल्द जारी होगी।
ये बदलाव पीएसएल को अधिक रोमांचक और प्रतिस्पर्धी बनाएंगे। टीम मालिकों को रणनीतिक बढ़त मिलेगी, जबकि खिलाड़ी अपनी कीमत साबित करेंगे। लीग नई ऊंचाइयों को छूने को तैयार है।