
मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में वेस्टइंडीज ने इंग्लैंड को 30 रनों से हरा दिया। स्पिनरों ने इंग्लैंड की बल्लेबाजी को ध्वस्त कर दिया, लेकिन कप्तान हैरी ब्रूक ने अपनी टीम के प्रदर्शन पर निराशा जाहिर करने से इनकार कर दिया।
मैच के बाद ब्रूक ने कहा, ‘स्पिन के खिलाफ हमारे बल्लेबाजों के खेलने का तरीका मुझे निराश नहीं कर रहा। हम इस पर विचार करेंगे और जल्द ही मैदान पर लौटेंगे।’ ब्रूक स्वयं गुडाकेश मोती की गेंद पर कैच आउट हो गए थे।
जोस बटलर, जैकब बेथल, टॉम बैंटन, विल जैक्स और जेमी ओवरटन सहित सात बल्लेबाज स्पिन का शिकार बने। वेस्टइंडीज के स्पिनरों ने 12 ओवरों में 6 विकेट झटके। मोती ने 4-33 के आंकड़े के साथ तीन सफलताएं हासिल कीं।
रोस्टन चेज ने 4-29 से दो विकेट लिए, जबकि अकिल हुसैन को 4-32 में एक सफलता मिली। टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने उतरी इंग्लैंड ने वेस्टइंडीज को 196/6 तक रोका, जिसमें शरफेन रदरफोर्ड की 42 गेंदों पर नाबाद 76 रनों की पारी अहम रही।
जवाब में इंग्लैंड 19 ओवर में 166 रन ही बना सकी। सैम करन की नाबाद 43 रनों की कोशिश नाकाफी रही। नेपाल पर पिछले मैच की जीत के बाद यह हार इंग्लैंड की तैयारियों पर सवाल खड़े करती है। ब्रूक का आत्मविश्वास टीम को मजबूत संदेश देता है।