
भारत की सबसे बड़ी कार निर्माता कंपनी मारुति सुजुकी ने गुजरात में अपनी मैन्युफैक्चरिंग क्षमता को बढ़ाने के लिए करीब 5 हजार करोड़ रुपये के विशालकाय जमीन सौदे को मंजूरी दे दी है। यह फैसला कंपनी के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने हालिया बैठक में लिया, जो देश की ऑटो इंडस्ट्री के लिए एक बड़ा कदम है।
अहमदाबाद के पास हंसलपुर क्षेत्र में फैली हजारों एकड़ जमीन का यह अधिग्रहण मारुति के मौजूदा प्लांट को कई गुना विस्तार देगा। नई सुविधाओं में एडवांस्ड असेंबली लाइन्स, इंजन यूनिट्स और भविष्य की इलेक्ट्रिक गाड़ियों के लिए बैटरी प्लांट शामिल होंगे। इससे सालाना उत्पादन लाखों यूनिट्स बढ़ेगा, जो घरेलू बाजार और निर्यात दोनों की मांग पूरी करेगा।
गुजरात सरकार की निवेशक-अनुकूल नीतियों ने इस सौदे को संभव बनाया। राज्य में मजबूत इंफ्रास्ट्रक्चर, कुशल मजदूर और बंदरगाहों की निकटता ने मारुति को आकर्षित किया। विशेषज्ञों का कहना है कि इससे हजारों नौकरियां पैदा होंगी और स्थानीय अर्थव्यवस्था को बल मिलेगा।
आत्मनिर्भर भारत अभियान के तहत यह निवेश आयात पर निर्भरता कम करेगा। चिप संकट और ईवी शिफ्ट के दौर में कंपनी की यह रणनीति सही दिशा में है। निर्माण कार्य जल्द शुरू होने की संभावना है, जिससे 2-3 साल में पूरी क्षमता हासिल हो जाएगी। शेयर बाजार में भी सकारात्मक प्रतिक्रिया दिखी।
कुल मिलाकर, मारुति सुजुकी का यह कदम इंडस्ट्री को नई गति देगा, उपभोक्ताओं को सस्ती और बेहतर गाड़ियां उपलब्ध कराएगा तथा भारत को वैश्विक ऑटो हब बनाने में योगदान देगा।