
केसरिया के भव्य विराट रामायण मंदिर में एक ऐतिहासिक क्षण आ गया है। दुनिया का सबसे विशाल शिवलिंग यहां स्थापित हो गया है, जिसकी जानकारी मिलते ही भक्तों में उत्साह की लहर दौड़ गई। पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने इस उपलब्धि पर हार्दिक बधाई दी है।
यह विशालकाय शिवलिंग काले पत्थर से तराशा गया है और इसका वजन कई टन है। इसे मंदिर तक लाने के लिए विशेष वाहनों और भारी सुरक्षा के बीच भव्य शोभायात्रा निकाली गई। ‘हर्ष हरि महादेव’ के जयकारों से पूरा क्षेत्र गुंजायमान हो गया।
रामनाथ कोविंद ने अपने संदेश में कहा कि यह शिवलिंग हमारी सांस्कृतिक धरोहर को मजबूत करने का प्रतीक है। उन्होंने इसे पीढ़ियों के लिए प्रेरणा स्रोत बताया।
विराट रामायण मंदिर, जो 350 एकड़ में फैला है, रामायण की कथा पर आधारित है। इस शिवलिंग की स्थापना से यह और भी महत्वपूर्ण धार्मिक स्थल बन गया है। भक्तों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी है।
स्थापना समारोह में प्रमुख संतों ने वैदिक मंत्रोच्चार के साथ पूजा-अर्चना की। मंदिर प्रबंधन ने दर्शन के लिए विशेष व्यवस्था की है। यह घटना न केवल आस्था को बढ़ाएगी बल्कि पर्यटन को भी गति देगी।
क्षेत्रीय विकास के लिए यह वरदान साबित होगा। सड़कों और आवास की व्यवस्था बेहतर हो रही है। इस शिवलिंग के दर्शन से भक्तों को अपार शांति मिलेगी।