
नई दिल्ली। स्वतंत्रता संग्राम के अमर सपूत चंद्रशेखर आजाद की पुण्यतिथि पर शुक्रवार को उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने उन्हें सादर नमन किया। सोशल मीडिया एक्स पर पोस्ट साझा करते हुए उन्होंने कहा कि आजाद का बलिदान देशभक्ति की अनुपम मिसाल है जो भावी पीढ़ियों को प्रेरित करेगा।
उपराष्ट्रपति ने लिखा कि चंद्रशेखर आजाद न केवल क्रांतिकारी थे, अपितु अद्वितीय साहस के प्रतीक थे जिन्होंने अंग्रेजी साम्राज्य को खदेड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उनका जीवन राष्ट्रसेवा का आदर्श है।
लोकसभा स्पीकर ओम बिरला ने भी एक्स पर श्रद्धांजलि दी। उन्होंने आजाद को त्याग और निर्भीकता का प्रतीक बताया तथा कहा कि उनका बलिदान युवाओं में स्वाभिमान की ज्योति जलाता रहेगा।
दिल्ली की सीएम रेखा गुप्ता ने आजाद के वीरतापूर्ण जीवन की सराहना की। उन्होंने कहा कि अंतिम सांस तक आजाद रहने की कसम निभाने वाले इस नायक ने स्वतंत्रता आंदोलन को नई ऊर्जा दी। उत्तराखंड सीएम पुष्कर सिंह धामी तथा यूपी के डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने भी हार्दिक श्रद्धांजलि अर्पित की।
चंद्रशेखर आजाद का जन्म 1906 में हुआ था। काकोरी कांड सहित कई घटनाओं से उन्होंने ब्रिटिश हुकूमत को चुनौती दी। 27 फरवरी 1931 को इलाहाबाद के अल्फ्रेड पार्क में उन्होंने अंतिम गोली खुद पर चलाकर अमर हो गए।
ये श्रद्धांजलियां दर्शाती हैं कि आजाद का योगदान आज भी जीवंत है। उनका जीवन हमें स्वतंत्रता का महत्व सिखाता है तथा राष्ट्रप्रेम की भावना को मजबूत करता है।