
बिहार की राजनीति में एक भावुक मोड़ आया जब राष्ट्रीय जनता दल के नेता तेज प्रताप यादव ने अपने पिता लालू प्रसाद यादव से लंबे इंतजार के बाद मुलाकात की। मीडिया से बातचीत में तेज प्रताप ने कहा, ‘पिताजी के साथ यह ऐतिहासिक मिलन मुझे और अधिक ऊर्जावान करेगा।’
यह मुलाकात उस समय हुई जब आरजेडी चुनावी रणनीतियों को मजबूत करने में जुटा है। लालू प्रसाद स्वास्थ्य और कानूनी मुद्दों के कारण सक्रिय राजनीति से दूर हैं, लेकिन उनकी सलाह परिवार के लिए हमेशा मार्गदर्शक बनी रहती है।
तेज प्रताप ने मुलाकात के बाद अपनी भावनाएं साझा कीं। उन्होंने बताया कि पिता का आशीर्वाद उन्हें नई ताकत देता है, खासकर विपक्षी गठबंधनों के बीच। समर्थक जमा हो गए और नारों से हवा गुंजायमान हो गई।
राजनीतिक जानकार इसे परिवारिक एकजुटता के रूप में देख रहे हैं। बिहार विधानसभा चुनाव नजदीक हैं और तेज प्रताप की यह नई ऊर्जा पार्टी को मजबूत कर सकती है। उन्होंने बेरोजगारी, किसानों की समस्याओं पर जोर दिया।
सोशल मीडिया पर तस्वीरें वायरल हो गईं। तेज प्रताप ने वादा किया कि वे इस ऊर्जा को जनसेवा में लगाएंगे। यह मिलन न केवल व्यक्तिगत बल्कि राजनीतिक पुनरुत्थान का प्रतीक है।
आरजेडी कार्यकर्ता उत्साहित हैं। आने वाले दिनों में तेज प्रताप की सक्रियता बढ़ेगी, जो पार्टी की किस्मत बदल सकती है। यह घटना बिहार की सियासत को नया आयाम देगी।