सुप्रीम कोर्ट ने आसराम बापू की जमानत याचिका के लिए एआईआईएमएस से विस्तृत रिपोर्ट मांगी
नई दिल्ली – जीवनकैद की सजा काट रहे पूर्व पुजारी आसराम बापू ने अपने स्वास्थ्य कारणों से अस्थायी जमानत की याचिका दायर की। सुप्रीम कोर्ट ने इस याचिका पर सुनवाई कर एआईआईएमएस (AIIMS) को उनका विस्तृत मेडिकल रिपोर्ट प्रस्तुत करने का आदेश दिया।
रिपोर्ट में उनके गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल रक्तस्राव, चल रहे उपचार और भविष्य के स्वास्थ्य जोखिमों का संपूर्ण विवरण होना चाहिए। कोर्ट ने कहा कि इस रिपोर्ट के आधार पर ही अस्थायी रिहाई का निर्णय लिया जाएगा।
पिछली सुनवाई में कोर्ट ने राजस्थान सरकार से कहा था कि वह उनके स्वास्थ्य की स्थिति की जाँच कर रिपोर्ट दे। राज्य के जनरल सिक्योरिटी ने बताया कि वह हाल में अयोध्या और काशी विश्वनाथ मंदिर यात्रा कर चुके हैं और वर्तमान में उनका गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल रक्तस्राव अस्थायी माना गया है।
जज ने कहा कि यदि स्वास्थ्य गंभीर नहीं है तो जमानत का सवाल अलग है, पर यदि गंभीर हो तो उपचार हेतु सीमित समय के लिए जमानत दी जा सकती है।
आसराम बापू को 2018 में जोधपुर विशेष पीओसीएसओ कोर्ट ने नाबालिग छात्रा के साथ दुश्कर्म के मामले में उम्रकैद की सजा सुनायी थी, जिसे राजस्थान हाईकोर्ट ने बरकरार रखा। वे गुजरात में एक महिला शिष्या के साथ यौन उत्पीड़न के मुक़दमों में भी उम्रकैद काट रहे हैं।


