
उत्तर प्रदेश के मंत्री दिलीप जायसवाल ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा है कि वोटर लिस्ट को साफ-सुथरा करने के लिए विशेष गहन संशोधन (एसआईआर) प्रक्रिया जरूरी है। लखनऊ में बुधवार को आयोजित प्रेस वार्ता में उन्होंने कांग्रेस के प्रयासों को बेकार ठहराया।
राज्य में वोटर लिस्ट में नकली वोटर, डुप्लीकेट एंट्री और पुरानी जानकारी की भरमार है। जायसवाल ने जोर देकर कहा, ‘बिना एसआईआर के किसी भी राजनीतिक चाल का कोई असर नहीं होगा।’ उन्होंने कांग्रेस पर आरोप लगाया कि वह चुनाव आयोग के मानकों को नजरअंदाज कर सतही कदम उठा रही है।
मंत्री ने प्रमुख जिलों में हजारों संदिग्ध एंट्रीज का हवाला दिया, जिनमें मृतकों के नाम और एक ही व्यक्ति के कई पंजीकरण शामिल हैं। एसआईआर में बूथ लेवल अधिकारी घर-घर जाकर सत्यापन करेंगे, जिससे सटीकता सुनिश्चित होगी।
कांग्रेस के भ्रम फैलाने पर जायसवाल ने तीखा प्रहार किया। उन्होंने कहा कि यह वोट बैंक बचाने की साजिश है। भाजपा सरकार पारदर्शी एसआईआर के जरिए लोकतंत्र को मजबूत करेगी।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि स्वच्छ वोटर लिस्ट से निकट मुकाबले वाले क्षेत्रों में बदलाव आ सकता है। अगले महीने शुरू हो रही एसआईआर सभी दलों के सहयोग का इंतजार कर रही है।