
बारामती में बुधवार को एक मार्मिक दृश्य देखने को मिला जब एनसीपी (एसपी) प्रमुख शरद पवार ने अपने भतीजे और पूर्व उपमुख्यमंत्री अजित पवार को गहन श्रद्धांजलि दी। 28 जनवरी को हुए विमान हादसे में अजित का निधन हो गया था। गोविंद बाग से पहुंचे शरद पवार बेहद व्यथित दिखे। सुरक्षाकर्मियों के सहारे वे कांपते पैरों से अजित के चित्र तक पहुंचे और सिर झुकाकर मौन श्रद्धा प्रकट की।
सहयोग सोसायटी स्थित निवास पर आयोजित शोक सभा में उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार, पार्थ पवार, जय पवार, श्रीनिवास पवार, रोहित पवार समेत परिवारजन उपस्थित थे। शरद पवार ने परिवार के साथ समय बिताया और श्रद्धांजलि देने आए लोगों से भेंट की। सुनेत्रा के शपथग्रहण के बाद यह पहली मुलाकात थी, जो राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बनी।
अजित के असामयिक निधन से महाराष्ट्र में शोक की लहर दौड़ गई है। राज्य भर से नेता व समर्थक बारामती पहुंच रहे हैं। मुंबई से लौटकर शरद ने पार्थ, जय, विजया पाटिल और विद्या प्रतिष्ठान न्यासियों के साथ बैठकें कीं।
मीडिया से बातचीत में उन्होंने सुनेत्रा के शपथ पर चुप्पी साधी, राष्ट्रीय सुरक्षा पर जोर दिया। सीएम फडणवीस की एनसीपी विलय टिप्पणी पर तीखा प्रहार किया- ‘चर्चा में केवल जयंत पाटिल व अजित थे, फडणवीस का कोई हक नहीं।’ परिवार के संकटकाल में यह राजनीतिक बयानबाजी असंवेदनशील है।
