
कोलकाता: आरजी कर मेडिकल कॉलेज में हुई महिला डॉक्टर के साथ रेप और हत्या की घटना ने पश्चिम बंगाल को हिला दिया था। विधानसभा चुनाव नजदीक आते ही पीड़िता के माता-पिता ने खुलासा किया कि तमाम राजनीतिक दलों ने उन्हें टिकट लड़ाने का लालच दिया, लेकिन उन्होंने साफ मना कर दिया। उनका एकमात्र लक्ष्य है अपनी बेटी को इंसाफ दिलाना।
मीडिया से बातचीत में मां ने बताया, ‘टीएमसी ने सबसे पहले संपर्क किया। पैसे और टिकट का प्रस्ताव रखा, लेकिन हमने इंकार कर दिया। सीपीएम और भाजपा ने भी कोशिश की।’ पिता बोले, ‘हम राजनीति के खिलाड़ी नहीं। भाजपा के शुभेंदु अधिकारी का ऑफर भी अस्वीकार किया। बस इंसाफ चाहिए।’
उन्होंने कहा कि जो दल न्याय दिलाएगा, उसी का साथ देंगे, लेकिन अभी चुनाव लड़ने का इरादा नहीं। जांच में कोलकाता पुलिस और सीबीआई ने संजय राय को अकेला दोषी ठहराया और उम्रकैद की सजा सुनाई। परिवार इससे सहमत नहीं। ‘पूरी सच्चाई सामने नहीं आई। कई सवाल बाकी हैं।’
यह मामला कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े करता है। चुनावी मौसम में परिवार का रुख राजनीतिक दलों के लिए चुनौती है। डॉक्टरों की सुरक्षा और न्याय की लड़ाई को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।