राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने तमिलनाडु सरकार पर भ्रष्टाचार और तुष्टीकरण की राजनीति करने का गंभीर आरोप लगाया है। जयपुर में एक विशाल सभा को संबोधित करते हुए शर्मा ने डीएमके सरकार को ‘घोटालों की फैक्ट्री’ करार दिया। उन्होंने कहा कि राज्य के विकास के नाम पर गरीबों का पैसा लूटा जा रहा है और वोट बैंक की राजनीति चमक रही है।

शर्मा ने तमिलनाडु में अवैध रेत खनन, इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स में अनियमितताएं और कल्याण योजनाओं में भ्रष्टाचार के कई उदाहरण दिए। उन्होंने राजस्थान की पारदर्शी शासन व्यवस्था का जिक्र करते हुए कहा कि वहां भ्रष्टाचार पर कड़ा प्रहार किया गया है और अरबों की संपत्ति जब्त की गई है।
तुष्टीकरण की राजनीति पर बोलते हुए शर्मा ने कहा कि कुछ समुदायों को खुश करने के चक्कर में समाज में विभाजन पैदा हो रहा है। उन्होंने तमिलनाडु की जनता से अपील की कि वे ऐसी राजनीति को नकारें और जवाबदेही सुनिश्चित करें।
2026 के विधानसभा चुनावों के मद्देनजर शर्मा के बयान से भाजपा की दक्षिण भारत में सक्रियता साफ झलक रही है। राजस्थान के जल संरक्षण, महिला सशक्तिकरण और औद्योगिक विकास जैसे मॉडल को उन्होंने तमिलनाडु के लिए उदाहरण बताया। अंत में उन्होंने भ्रष्टाचार मुक्त तमिलनाडु की कल्पना साझा की।
