
रायबरेली में 20 जनवरी को ‘मनरेगा चौपाल’ का भव्य आयोजन होने जा रहा है, जिसमें कांग्रेस नेता राहुल गांधी भी शिरकत करेंगे। यह कार्यक्रम ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के लाभार्थियों के लिए एक महत्वपूर्ण मंच साबित होगा।
मनरेगा योजना, जो ग्रामीण परिवारों को 100 दिनों का गारंटीड रोजगार प्रदान करती है, के क्रियान्वयन में आने वाली चुनौतियों पर खुली चर्चा होगी। स्थानीय मजदूर अपने जॉब कार्ड, मजदूरी भुगतान और कार्यस्थलों की सुविधाओं से जुड़े मुद्दे उठाएंगे।
रायबरेली, जो गांधी परिवार का गढ़ रहा है, इस आयोजन के लिए उत्साहित है। सैकड़ों ग्रामीणों के शामिल होने की उम्मीद है। राहुल गांधी की मौजूदगी से कार्यक्रम को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिलेगी।
चौपाल का उद्देश्य केवल बातचीत तक सीमित नहीं, बल्कि ठोस समाधान निकालना है। जल संरक्षण, सड़क निर्माण और महिला सशक्तिकरण जैसे विषयों पर फोकस रहेगा। यह घटना ग्रामीण भारत की वास्तविकता को राजनीतिक पटल पर लाएगी।
कांग्रेस पार्टी ने इस तरह के आयोजनों को अपनी प्राथमिकता बनाया है, ताकि जनता से सीधा संवाद हो सके। 20 जनवरी का यह चौपाल मनरेगा को मजबूत बनाने की दिशा में मील का पत्थर साबित हो सकता है।