प्रधानमंत्री की तस्वीर हटाने पर मनसे कार्यकर्ता आशीष साबले की गिरफ्तारी
पुणे के चतुर्शृंगी थाने ने बुधवार को मनसे कार्यकर्ता आशीष साबले को गिरफ्तार किया। यह गिरफ्तारी सरकारी पॉलिटेक्निक कॉलेज, गणेशखिंड में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तस्वीर को जबरन हटाने के मामले से जुड़ी है।
यह घटना तब हुई जब मनसे प्रमुख राज ठाकरे के बेटे और महाराष्ट्र नवनिर्माण विद्यार्थी सेना (एमएनवीएस) के अध्यक्ष अमित ठाकरे ने कॉलेज परिसर में छात्रों से बातचीत की और हॉस्टल, मेस व स्वच्छता की जाँच की। छात्रों ने उन्हें प्राचार्य कार्यालय की एक दीवार की ओर इशारा किया जहाँ मोदी की तस्वीर के साथ छत्रपति शिवाजी महाराज और डॉ. भीमराव अंबेडकर की तस्वीरें लगी थीं।
अमित ठाकरे ने कहा कि शिवाजी और अंबेडकर महाराष्ट्र के पवित्र प्रतीक हैं और उन्हें राजनीतिक नेताओं के समान स्तर पर नहीं रखा जा सकता। इस आपत्ति के बाद मनसे के कुछ कार्यकर्ताओं ने कॉलेज प्रशासन के विरोध के बावजूद प्रधानमंत्री की तस्वीर को दीवार से उतार दिया।
कॉलेज के प्राचार्य डॉ. राजेंद्र काशीराम पाटिल ने इस घटना की शिकायत चतुर्शृंगी थाने में दर्ज कराई। पुलिस ने अमित ठाकरे और 20‑25 अज्ञात मनसे कार्यकर्ताओं के खिलाफ भारतीय दंड संहिता के विभिन्न धारा के तहत एफआईआर दर्ज की, जिसमें गैरकानूनी जमावड़ा, आपराधिक अतिक्रमण, सरकारी कर्मचारी के कार्य में बाधा डालना और आपराधिक धमकी देना शामिल हैं।
पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और गवाहों के बयान एकत्र कर सभी शामिल लोगों की पहचान करने की कोशिश की है। इस मामले ने राज्य की राजनीति में तीखी बहस को जन्म दिया है, जहाँ मनसे ने इसे छत्रपति शिवाजी के सम्मान की रक्षा के रूप में पेश किया है, जबकि विपक्षी दलों ने इसे राजनीतिक अपरिपक्वता कहा है।


