
भारत की स्वदेशी नागास्त्र-1 ड्रोन ने ऑपरेशन सिंदूर में आतंकवादी ठिकानों पर जबरदस्त प्रहार किया। नियंत्रण रेखा के पास दुश्मन क्षेत्र में बसे इन लॉन्च पैड्स को खुफिया एजेंसियों ने चिह्नित किया था।
सोलर इंडस्ट्रीज और डीआरडीओ के सहयोग से बने ये 9 किलोग्राम वजनी ड्रोन 60 मिनट तक हवा में मंडरा सकते हैं। इलेक्ट्रो-ऑप्टिकल कैमरों से लैस ये दुश्मन को निशाना बनाते हुए 1 किलोग्राम आरडीएक्स विस्फोटक से धमाके के साथ गोता लगा देते हैं।
आतंकी बंकरों को नेस्तनाबूद करते हुए 25 से अधिक आतंकी मारे गए। ऑपरेशन की सफलता ने सेना का मनोबल बढ़ा दिया है। विशेषज्ञों का कहना है कि नागास्त्र ने ड्रोन युद्ध में भारत को नई ताकत दी है।
इसकी कम लागत और आसान तैनाती सीमावर्ती इलाकों के लिए वरदान है। भविष्य में बड़े पैमाने पर उत्पादन से भारत आतंकवाद के खिलाफ मजबूत होगा। ऑपरेशन सिंदूर देश की रक्षा क्षमता का प्रतीक बन गया है।