
भुवनेश्वर में 28 जनवरी को ओडिशा बंद का आह्वान हो गया है। नवा निर्माण कृषक संगठन ने धान खरीद में भ्रष्टाचार, स्मार्ट मीटर लगाने की अव्यवस्था और पीयूसीसी के नाम पर मनमाने जुर्माने के खिलाफ यह कदम उठाया है। कांग्रेस ने इस बंद को खुलकर समर्थन दिया है, जो राज्य के किसानों के लिए राहत की बात है।
ओडिशा प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने वीडियो संदेश जारी कर कहा कि वे इस आंदोलन में किसानों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़े हैं। पहले भी पार्टी ने 150 क्विंटल से ज्यादा धान बेचने वाले किसानों को इनपुट सब्सिडी से वंचित करने और पीयूसीसी के कठोर नियमों के खिलाफ प्रदर्शन किए हैं। अध्यक्ष भक्त चरण दास ने सभी जिलों के नेताओं और कार्यकर्ताओं से सक्रिय भागीदारी की अपील की है।
बंद सुबह 6 बजे से दोपहर 2 बजे तक चलेगा। संगठन के राष्ट्रीय संयोजक अक्षय कुमार ने स्पष्ट किया कि अस्पताल, एम्बुलेंस और रेल जैसी जरूरी सेवाएं इससे अछूती रहेंगी। मंडी में धान खरीद की गड़बड़ियों पर जोर रहेगा।
बीजू जनता दल ने भी इसे सकारात्मक बताया। प्रवक्ता लेनिन मोहंती ने कहा कि यह किसानों की व्यथा को सामने लाता है। बीजेडी 2 से 17 फरवरी तक प्रदर्शन और 24 को भुवनेश्वर में रैली करेगी, जिसमें धान खरीद और कानून-व्यवस्था पर फोकस होगा।
यह बंद ओडिशा सरकार पर दबाव बनाएगा। किसान समस्याओं का समाधान न हुआ तो आंदोलन और तेज हो सकता है, जो राजनीतिक समीकरण बदल सकता है।