
झारखंड के 48 शहरी स्थानीय निकायों में सोमवार को नगर निकाय चुनाव के लिए जोरदार मतदान हो रहा है। मतदाता मेयर, चेयरपर्सन और पार्षद चुनने के लिए बैलेट पेपर से वोट डाल रहे हैं। देवघर में भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने पत्नी अनामिका के साथ पीएचडी कार्यालय के मतदान केंद्र पर वोट डाला।
मतदान के बाद दुबे ने अधिक से अधिक लोग वोट करें, ऐसी अपील की। उन्होंने बैलेट पेपर व्यवस्था पर निशाना सौदते हुए कहा कि इससे प्रक्रिया धीमी हो गई है। जहां 750 वोट होने चाहिए थे, वहां सिर्फ 40 ही पड़े हैं। हेमंत सोरेन सरकार पर प्रहार करते हुए बोले कि यह फैसला राज्य को पिछड़ा बनाने की साजिश है।
राहुल गांधी के ईवीएम विवाद पर दुबे ने कहा कि इन चुनाव नतीजों से कांग्रेस नेता का वह भ्रम दूर हो जाएगा कि भाजपा सिर्फ ईवीएम से जीतती है। बैलेट हो या ईवीएम, हर जगह भाजपा का परचम लहराएगा।
इसके अलावा, एआई कार्यक्रम में कांग्रेस कार्यकर्ताओं के हंगामे पर कटाक्ष किया। कहा कि पार्टी जितनी नंगी हो चुकी है, वैसा ही उनका प्रदर्शन है।
ये चुनाव झारखंड की शहरी राजनीति का बड़ा परीक्षण हैं। भाजपा शहरी आधार मजबूत करना चाहती है, जबकि सत्ताधारी गठबंधन चुनौती दे रहा है। नतीजे स्थानीय शासन को नई दिशा दे सकते हैं।