
मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) के चुनावों में फर्जी मतदान के आरोपों के बीच एनसीपी नेता नवाब मलिक ने इन्हें पूरी तरह खारिज कर दिया है। विपक्षी दलों द्वारा लगाए गए इन आरोपों ने राजनीतिक हलकों में हड़कंप मचा दिया था, लेकिन मलिक ने इन्हें दुश्मनों की चाल करार देते हुए कहा कि यह महज प्रचार है।
मलिक ने पत्रकारों से बातचीत में स्पष्ट कहा, ‘हमारा अभियान पारदर्शी रहा है। हर वोट असली मतदाताओं का है।’ उन्होंने चुनाव आयोग से निष्पक्ष जांच की मांग की और कहा कि परिणाम ही सच्चाई सामने लाएंगे। बीएमसी चुनाव, जिसमें 227 वार्डों के लिए 10 उम्मीदवार मैदान में हैं, शहर की सियासत का केंद्र बिंदु बने हुए हैं।
अभियान के दौरान बांद्रा, अंधेरी और दादर जैसे इलाकों से फर्जी वोटिंग की शिकायतें आईं, जिनमें डुप्लिकेट वोटर आईडी और बूथ कैप्चरिंग का दावा किया गया। मलिक ने इनका खंडन करते हुए अपनी पार्टी के जमीनी स्तर के प्रयासों का जिक्र किया, जिसमें महिलाओं और युवाओं को जोड़ना शामिल है।
चुनाव आयोग ने संवेदनशील बूथों पर वेबकास्टिंग और अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए हैं। मतदान शांतिपूर्ण रहा, जिसमें 55 प्रतिशत से अधिक वोट पड़े। मलिक ने भरोसा जताया कि एनसीपी का प्रदर्शन शानदार रहेगा। ये चुनाव न केवल सत्ता का खेल हैं, बल्कि मुंबईवासियों की बेहतरी का सवाल भी। क्या ये आरोप महज हवा में उड़ाए गए गुब्बारे साबित होंगे?