
सेलम (तमिलनाडु), 13 फरवरी। तमिलनाडु के सेलम में शुक्रवार को तमिलगा वेत्री कजगम (टीवीके) की एक राजनीतिक सभा के दौरान एक 37 वर्षीय प्रवासी मजदूर की संदिग्ध हृदयाघात से मौत हो गई। मृतक उत्तर भारत का सिराज था, जिसे हृदय रोग था और एक साल पूर्व उसकी सर्जरी हुई थी।
शीलनायक्कनपत्ती के पास केवीपी गार्डन में भारी भीड़ वाले आयोजन स्थल पर वह अचानक गिर पड़ा। मौके पर मौजूद लोगों ने उसे तत्काल नजदीकी अस्पताल पहुंचाया, लेकिन चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
सेलम पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार यह प्राकृतिक कारणों से हुई घटना प्रतीत होती है। इस हादसे के बावजूद सभा कड़ी सुरक्षा और चिकित्सा इंतजामों के बीच जारी रही।
घटना उस समय घटी जब अभिनेता से नेता बने विजय कार्यकर्ताओं को संबोधित कर रहे थे। अपने भाषण में विजय ने कहा कि वह वोट की भिक्षा मांगने नहीं, बल्कि तमिलनाडु की जनता के हक के लिए लड़ने आए हैं। उन्होंने सत्ताधारी डीएमके पर आरोप लगाया कि वह टीवीके को बैठकों के लिए जगह देकर परेशान कर रही है, जबकि अन्य दलों को खुली छूट है।
टीवीके के चुनाव चिन्ह ‘सीटी’ का जिक्र करते हुए विजय ने कहा, ‘अगर पैसे दें तो ले लो, ये तुम्हारे ही पैसे हैं। लेकिन वोट डालते वक्त सीटी दबाना।’ प्रशासनिक अनुभव पर सवाल उठाने वालों को जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि पुराने राजनेता केवल जनता का पैसा लूटना जानते हैं।
सीएन अन्नादुरई, एमजीआर और जयललिता जैसे नेताओं का उदाहरण देते हुए विजय ने जोर दिया कि ईमानदारी और जनता से प्रेम ही नेतृत्व का आधार है। यह सभा टीवीके की बढ़ती ताकत को दर्शाती है।