
रांची। झारखंड के स्वास्थ्य क्षेत्र को मिली बड़ी सौगात। केंद्र सरकार ने राज्य में आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज और अस्पताल स्थापित करने पर हरी झंडी दे दी है। स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी ने नई दिल्ली में केंद्रीय स्वास्थ्य राज्य मंत्री प्रताप राव जाधव से बैठक के बाद यह जानकारी दी।
राज्य में अब तक आयुर्वेदिक कॉलेज का अभाव था। अब केंद्र की योजना के तहत एक सरकारी और एक निजी आयुर्वेदिक संस्थान खुलेंगे, जो चिकित्सा शिक्षा और इलाज दोनों प्रदान करेंगे। बैठक में झारखंड की स्वास्थ्य व्यवस्था मजबूत करने वाले कई प्रस्तावों पर सहमति बनी।
सभी मेडिकल कॉलेजों और रांची सदर अस्पताल में जापानी तकनीक वाली हाईटेक लैब लगाने का प्रस्ताव मंजूर हुआ। इससे जांचें तेज और सटीक होंगी, मरीजों को दूसरे राज्यों जाने की जरूरत कम पड़ेगी। धनबाद के एसएनएमसीएच और जमशेदपुर के एमजीएम में एमबीबीएस सीटें 100 से बढ़ाकर 250 करने तथा पीजी कोर्स बढ़ाने पर भी सहमति बनी।
जिलों में वेलनेस हेल्थ सेंटर (हेल्थ कॉटेज) बनेंगे, जिसमें केंद्र-राज्य 60:40 का योगदान देंगे। अबुआ स्वास्थ्य योजना के लिए केंद्र से मदद की प्रक्रिया तेज हुई। केंद्रीय मंत्री ने झारखंड स्वास्थ्य मॉडल की तारीफ की और जल्द दौरा करने का भरोसा दिया। अपर मुख्य सचिव अजाय कुमार समेत अधिकारी उपस्थित थे।
यह कदम झारखंड को पारंपरिक चिकित्सा और आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाओं का मजबूत केंद्र बनाएगा।