
दुमका: बासुकीनाथ मंदिर को श्रद्धालुओं के लिए और अधिक सुगम और विकसित बनाने की दिशा में जिला प्रशासन ने महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। हाल ही में समाहरणालय सभागार में उपायुक्त अभिजीत सिन्हा की अध्यक्षता में हुई एक उच्च-स्तरीय बैठक में मंदिर से जुड़े कई अहम विकास कार्यों पर विस्तार से चर्चा की गई। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं प्रदान करना और मंदिर परिसर के समग्र उन्नयन को सुनिश्चित करना था।
**शिवगंगा की सफाई पर विशेष जोर**
उपायुक्त ने बैठक में शिवगंगा की सफाई को सर्वोच्च प्राथमिकता देने का निर्देश दिया। उन्होंने संबंधित विभागों को एक सप्ताह के भीतर एक विस्तृत कार्य योजना और प्रोजेक्ट रिपोर्ट तैयार कर प्रस्तुत करने का आदेश दिया। उपायुक्त ने इस बात पर बल दिया कि बासुकीनाथ मंदिर आने वाले भक्तों के लिए शिवगंगा एक पवित्र स्थल है, जहाँ वे स्नान करते हैं, इसलिए इसकी नियमित और प्रभावी सफाई अत्यंत आवश्यक है।
**श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए नई पहल**
बैठक में मंदिर परिसर की स्वच्छता व्यवस्था को और बेहतर बनाने पर भी गहन चर्चा हुई। उपायुक्त ने नगर पंचायत को नियमित फोगिंग कराने के निर्देश दिए ताकि मच्छरों से निजात मिल सके। इसके अतिरिक्त, नंदी चौक से मंदिर तक रंगीन लाइटिंग लगाने के प्रस्ताव पर भी विचार किया गया, जिसके लिए विस्तृत रिपोर्ट मांगी गई है। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए जलार्पण काउंटर का विस्तार करने और अस्थायी शौचालयों के लिए उपयुक्त स्थानों को चिन्हित करने का निर्देश भी अधिकारियों को दिया गया।
**समन्वित प्रयास से होगा विकास**
उपायुक्त ने स्पष्ट किया कि बासुकीनाथ मंदिर में उत्कृष्ट व्यवस्थाएं स्थापित करना और श्रद्धालुओं को एक आरामदायक वातावरण प्रदान करना जिला प्रशासन की प्रमुख प्राथमिकता है। उन्होंने सभी संबंधित विभागों से आपसी समन्वय स्थापित करते हुए इन विकास कार्यों को समय पर पूरा करने का आह्वान किया।
