
नई दिल्ली के इंडिया एआई समिट में भारतीय सेना ने देसी स्टार्टअप्स के सहयोग से तैयार अत्याधुनिक एआई प्रणालियों का शानदार प्रदर्शन किया। आज का युद्ध केवल हथियारों तक सीमित नहीं, बल्कि हाई-टेक एआई तकनीक पर निर्भर करता है।
समिट में ‘वन एआई’ प्रमुख आकर्षण रहा, जो सेना के सुरक्षित एयर-गैप्ड नेटवर्क पर चलेगा। न्यूरालिक्स के साथ आईडेक्स अदिति 2.0 के तहत विकसित यह प्लेटफॉर्म सेना के अपने डेटा पर आधारित फाउंडेशन मॉडल तैयार कर रहा है। पूरी तरह स्वदेशी और बाहरी हस्तक्षेप से मुक्त।
एआई-इन-ए-बॉक्स और एजेंटिक एआई जैसे पोर्टेबल सिस्टम तत्काल निर्णय लेने में सहायक हैं। इन्हें जहां जरूरत हो, ले जाया जा सकता है। इनेफु लैब्स, कोगो एआई, पैराडोम और हाइड के सहयोग से एज एआई विकसित हो रहे हैं।
‘डिजिटलाइज्ड ब्रिगेड’ नेक्स्ट लेवल टेक्नोलॉजीज संग डेटा को एकीकृत कर विश्लेषण को सरल बनाया है। वेदास्वा सिस्टम्स का एआई एग्जामिनर सैनिक प्रशिक्षण को व्यक्तिगत बनाता है। क्लाउडनर एआई का सिक्योरिटी कंट्रोल टॉवर कैमरों से खतरे भांपता है।
ये प्रयास आत्मनिर्भर भारत को मजबूत कर रहे हैं। समिट में विशेषज्ञों ने इनकी सराहना की, जो राष्ट्रीय सुरक्षा को नई दिशा दे रही हैं।