
अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच तनाव चरम पर है, जिससे मिडिल ईस्ट के ज्यादातर हवाई क्षेत्र बंद या सीमित हो गए हैं। इस संकट में फंसे भारतीय यात्रियों को सुरक्षित लाने के लिए नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने बड़ा कदम उठाया है। बुधवार को कुल 58 विशेष उड़ानें संचालित की जाएंगी, जो खाड़ी देशों से हजारों लोगों को भारत वापस लाएंगी।
मंत्रालय के अनुसार, इनमें 30 उड़ानें इंडिगो और 23 एयर इंडिया व एयर इंडिया एक्सप्रेस संभालेंगी। भारत-खाड़ी मार्ग पर उड़ान भरने वाली विदेशी कंपनियां भी न्यूनतम सेवाएं दे रही हैं, जो हवाई क्षेत्र की स्थिति पर निर्भर है।
भारतीय विमानों ने अपने शेड्यूल में स्मार्ट बदलाव किए हैं। प्रतिबंधित क्षेत्रों से बचने के लिए वैकल्पिक लंबे रूट अपनाए जा रहे हैं, जिससे लंबी दूरी की उड़ानें धीरे-धीरे बहाल हो रही हैं।
दुबई, फुजैराह जैसे शहरों से दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु, कोच्चि, अहमदाबाद और तिरुवनंतपुरम पहुंचेंगी ये उड़ानें। एयर इंडिया, इंडिगो, स्पाइसजेट और अकासा एयर इस अभियान में शामिल हैं।
यात्रियों से अपील है कि एयरलाइन से पुष्टि मिले बिना दुबई इंटरनेशनल या अल मकतूम एयरपोर्ट न जाएं। दुबई का हवाई क्षेत्र आंशिक रूप से सक्रिय है, जहां एमिरेट्स व इंडिगो सीमित उड़ानें चला रही हैं।
एतिहाद ने अबू धाबी से उड़ानें 5 मार्च दोपहर 2 बजे तक रोकी हैं, हालांकि कार्गो व प्रत्यावर्तन उड़ानें संभव हैं। मंत्रालय ने यात्रियों की सुरक्षा को प्राथमिकता बताते हुए एयरलाइंस को पारदर्शिता, रिफंड-रीशेड्यूलिंग और किराया नियंत्रण के निर्देश दिए हैं।
यह पहल न केवल फंसे लोगों को राहत देगी, बल्कि संकटकाल में भारत की तैयारियों को रेखांकित करेगी। लगातार अपडेट के लिए एयरलाइंस की वेबसाइट चेक करें।