
दिल्ली के उत्तम नगर में होली की रंगीन शाम एक भयानक त्रासदी में बदल गई। एक 11 साल की बच्ची द्वारा फेंका गया पानी का गुब्बारा गलती से पड़ोसी महिला पर गिरा, जिससे शुरू हुए विवाद ने हिंसक रूप धारण कर लिया और 26 वर्षीय तरुण की जान ले ली। द्वारका पुलिस ने सात लोगों को गिरफ्तार किया है, जिनमें छह वयस्क और एक नाबालिग शामिल हैं।
घटना 4 मार्च 2026 की रात करीब 11 बजे उत्तम नगर थाना क्षेत्र में घटी। दोनों राजस्थान मूल के परिवार दशकों से पड़ोसी हैं, लेकिन पार्किंग और कचरा जैसे छोटे मुद्दों पर पुरानी रंजिश बनी हुई थी। गुब्बारे की घटना ने बहस को मारपीट में बदल दिया, जिसमें आठ लोग घायल हुए।
अधिकांश घायलों को उसी दिन छुट्टी मिल गई, लेकिन तरुण की हालत बिगड़ती चली गई। 5 मार्च को उनकी मौत के बाद पुलिस ने हत्या का केस दर्ज कर चार अतिरिक्त गिरफ्तारियां कीं। शुरू में बीएनएस की धारा 110/3(5) के तहत मामला दर्ज हुआ था।
पुलिस ने असामाजिक तत्वों द्वारा सांप्रदायिक रंग देने की कोशिशों को नकारा। डीसीपी कुशल पाल सिंह ने बताया कि इलाके को जोन, सेक्टर और सब-सेक्टर में बांटकर निगरानी तेज कर दी गई है। शांति बनाए रखने के लिए लगातार गश्त जारी है। यह घटना त्योहारों में संयम की महत्ता दर्शाती है।