
देशव्यापी नौकरी ठगी के मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने बुधवार को कई राज्यों में समन्वित छापे मारे। नकली नौकरी का लालच देकर युवाओं को ठगने वाले गिरोह पर शिकंजा कसते हुए दिल्ली, उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र और राजस्थान में दर्जनों ठिकानों पर दबिश दी गई।
खोजी टीमें फर्जी भर्ती एजेंसियों के दफ्तरों में घुसकर महत्वपूर्ण कागजात, लैपटॉप, हार्ड डिस्क और नकदी जब्त कर लीं। अधिकारियों के अनुसार, आरोपी सरकारी और निजी क्षेत्रों में नौकरियों का झांसा देकर 50 हजार से 5 लाख रुपये तक की ‘प्रोसेसिंग फीस’ वसूलते थे।
पीड़ितों ने शिकायत की कि सोशल मीडिया और फर्जी वेबसाइट्स के जरिए भर्ती के विज्ञापन दिए जाते थे। पैसे लेने के बाद आरोपी गायब हो जाते। प्रारंभिक जांच में हवाला और शेल कंपनियों का नेटवर्क सामने आया है।
ईडी ने धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के तहत जांच तेज कर दी है। प्रवक्ता ने कहा, ‘गिरोह के सरगनाओं से पूछताछ में बड़ी सच्चाई उजागर होगी।’ बेरोजगारी के इस दौर में युवाओं को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
ऐसे घोटालों से बचने के लिए सरकारी पोर्टल्स से सत्यापन जरूरी। जांच आगे बढ़ने पर कई गिरफ्तारियां हो सकती हैं, जिससे हजारों पीड़ितों को न्याय मिलेगा।