
पणजी में प्रवर्तन निदेशालय ने गोवा के अंजुना क्षेत्र में एक बड़े भूमि विवाद और मनी लॉन्ड्रिंग घोटाले को उजागर करते हुए मोहम्मद सुहैल व अन्य के खिलाफ महत्वपूर्ण कदम उठाया है। 20 नवंबर 2025 को दाखिल आरोप पत्र पर 2 जनवरी 2026 को नॉर्थ गोवा की प्रिंसिपल डिस्ट्रिक्ट कोर्ट ने संज्ञान ले लिया।
यह कार्रवाई गोवा पुलिस की एसआईटी द्वारा 9 जनवरी 2024 को पेश चार्जशीट पर आधारित है, जो 2022 की एफआईआर से उपजी थी। सुहैल को बार-बार भूमि हड़पने के अपराधों में लिप्त अपराधी बताया गया। उसने शिकायतकर्ता के माता-पिता की जमीन पर कब्जा करने के लिए ‘माल्विन जी. लोबो’ नामक काल्पनिक व्यक्ति गढ़ा। नकली जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाकर झूठी उत्तराधिकार डीड और पावर ऑफ अटॉर्नी तैयार की गईं।
इसके बाद संपत्ति उसके साथी के नाम ट्रांसफर हुई, फिर 2010 में सुहैल की पत्नी को और 2011 में शेख सलीम को बेच दी गई। जांच में पाया गया कि रजिस्टर्ड मूल्य कम रखकर नकदी लेन-देन छिपाए गए। ईडी ने सुहैल को 22 सितंबर 2025 को गिरफ्तार किया। वह कोलवाले जेल में बंद है।
सुनवाई में सुहैल वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से पेश हुआ। यह मामला गोवा की रियल एस्टेट में धोखाधड़ी की गहरी जड़ों को दर्शाता है। सख्त कानून और सतर्कता से ही ऐसी साजिशों पर अंकुश लगेगा।