
दिल्ली पुलिस ने तुर्कमान गेट पर हाल ही में हुई पथराव की घटना में शामिल 30 लोगों की पहचान कर ली है। इस मामले में समाजवादी पार्टी के एक सांसद से भी पूछताछ की जाएगी, जो अब जांच के केंद्र में है।
पुरानी दिल्ली के इस ऐतिहासिक इलाके में अचानक भड़की हिंसा ने सबको चौंका दिया। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर पथराव किया, जिससे कई वाहन क्षतिग्रस्त हो गए और जवान घायल हुए। सीसीटीवी फुटेज, गवाहों के बयान और अन्य सुरागों से पुलिस को 30 नाम मिले हैं।
सपा सांसद का नाम भी लिस्ट में शामिल है। सूत्रों के अनुसार, उनकी भड़काऊ भाषणों ने भीड़ को उकसाने में भूमिका निभाई। कल से उनकी पूछताछ शुरू हो सकती है, जिसमें डिजिटल सबूतों का भी इस्तेमाल होगा।
तुर्कमान गेट मुगलकालीन विरासत का प्रतीक है, लेकिन आज यह गरीबी, अतिक्रमण और विकास की जद्दोजहद का केंद्र बन चुका है। सरकारी योजनाओं से विस्थापन का डर स्थानीय लोगों में व्याप्त है।
पुलिस ने संदिग्धों की तस्वीरें जारी की हैं और जनता से सहयोग मांगा है। अब तक पांच गिरफ्तारियां हो चुकी हैं। राजनीतिक दलों के बीच बयानबाजी तेज हो गई है। सपा इसे साजिश बता रही है, तो बीजेपी सख्त कार्रवाई की मांग कर रही।
इस घटना ने दिल्ली की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि संवाद और विकास दोनों जरूरी हैं। पुलिस ने इलाके में भारी फोर्स तैनात कर दी है। उम्मीद है कि जल्द न्याय मिलेगा और शांति बहाल होगी।