
दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे को 2023 के कर्नाटक चुनावी रैली में कथित भड़काऊ भाषण के मामले में नोटिस भेजा है। अदालत ने उनसे जवाब मांगा है और अगली सुनवाई 27 फरवरी को निर्धारित की है।
मामला अप्रैल 2023 में कर्नाटक के नरेगल में हुई रैली से जुड़ा है, जहां खड़गे पर आरएसएस और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ उकसाने वाले बयान देने का आरोप है। शिकायतकर्ता रविंद्र गुप्ता, जो आरएसएस से जुड़े हैं, ने दावा किया कि यह भाषण नफरत फैलाने वाला था।
इससे पहले नवंबर 2024 में तीस हजारी कोर्ट ने शिकायत खारिज कर दी थी। गुप्ता ने इसे सत्र न्यायालय में चुनौती दी, जिसके बाद यह नोटिस जारी हुआ। दिसंबर 2024 में भी एफआईआर दर्ज करने से इनकार कर दिया गया था।
यह केस राजनीतिक बयानबाजी और कानूनी कार्रवाई के बीच संतुलन को रेखांकित करता है। कांग्रेस इसे राजनीतिक साजिश बता रही है, जबकि शिकायतकर्ता न्याय की मांग कर रहे हैं।
खड़गे की कानूनी टीम अब मजबूत बचाव की तैयारी में जुटी है। सुनवाई का फैसला चुनावी भाषणों पर भविष्य की दिशा तय कर सकता है। राजनीतिक गलियारों में चर्चा जोरों पर है।