
मध्य प्रदेश की राजनीति में भूचाल आ गया है। एक कांग्रेस विधायक के भड़काऊ बयान ने पूरे राज्य को हिला दिया है। विपक्षी दल भाजपा और समाज के विभिन्न वर्गों ने विधायक के तत्काल निष्कासन की जोरदार मांग की है।
यह विवाद एक सार्वजनिक सभा के दौरान विधायक के दिए गए भाषण से शुरू हुआ। उनके शब्दों को सांप्रदायिक नफरत फैलाने वाला बताया जा रहा है। सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होते ही आक्रोश की लहर फैल गई।
भाजपा नेताओं ने कांग्रेस को घेरना शुरू कर दिया। उन्होंने कहा कि ऐसा विधायक धर्मनिरपेक्ष पार्टी में नहीं रह सकता। विधायक के घर के बाहर प्रदर्शन हुए और उनके पुतले जलाए गए। पुलिस को तैनात करना पड़ा।
कांग्रेस में भी हंगामा मचा है। कुछ नेता विधायक का बचाव कर रहे हैं, जबकि अन्य निष्कासन चाहते हैं। प्रदेश नेतृत्व ने आपात बैठक बुलाई है। हाईकमान पर फैसला लेने का दबाव बढ़ रहा है।
विधायक ने अपने बयान पर कोई पछतावा नहीं जताया। उन्होंने कहा कि वे सच्चाई बोलते रहेंगे। उनके समर्थक भी मैदान में हैं।
आगामी चुनावों को देखते हुए यह मुद्दा कांग्रेस के लिए मुश्किल पैदा कर सकता है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि पार्टी को तुरंत कड़ा कदम उठाना चाहिए। अन्यथा नुकसान हो सकता है। स्थिति गंभीर बनी हुई है।