महाराष्ट्र की राजनीति में नया मोड़ आ गया है। कांग्रेस ने 2026 बारामती विधानसभा उपचुनाव के लिए स्थानीय अधिवक्ता आकाश विश्वनाथ मोरे को अपना आधिकारिक उम्मीदवार घोषित कर दिया। यह फैसला पार्टी की पवार परिवार के गढ़ को तोड़ने की रणनीति का हिस्सा है।

बारामती, पुणे जिले का यह महत्वपूर्ण क्षेत्र लंबे समय से राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) का गढ़ रहा है। अजित पवार के इस्तीफे से खाली हुई इस सीट पर उपचुनाव का रास्ता साफ हो गया। कांग्रेस ने आकाश मोरे को चुना, जो किसानों के अधिकारों से जुड़े मुकदमों में अपनी सक्रियता के लिए जाने जाते हैं।
40 पार के आकाश मोरे बारामती के मूल निवासी हैं। वकील के रूप में उन्होंने भूमि अधिग्रहण और सिंचाई विवादों में गरीब किसानों का पक्ष मजबूती से लड़ा। पार्टी नेताओं का कहना है कि उनकी साफ-सुथरी छवि और जमीनी जुड़ाव उन्हें जीत का दावेदार बनाता है।
एनसीपी विभाजन के बाद महाराष्ट्र का राजनीतिक परिदृश्य बदल चुका है। अजित पवार गुट भाजपा के साथ है, जबकि शरद पवार का कंट्रोल मूल एनसीपी पर बरकरार। कांग्रेस आकाश मोरे के जरिए असंतुष्ट वोटों को एकजुट करने की कोशिश में है।
मोरे का चुनाव प्रचार जल्द शुरू होगा, जिसमें ग्रामीण विकास, बेरोजगारी और महिला सशक्तिकरण पर जोर दिया जाएगा। विश्लेषकों का मानना है कि यह उपचुनाव महाराष्ट्र विधानसभा चुनावों का सेमीफाइनल साबित हो सकता है। बारामती की जीत कांग्रेस को नई उमंग देगी।
