
हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने नई दिल्ली में केंद्रीय व्यापार मंत्री पीयूष गोयल से महत्वपूर्ण बैठक की। इस दौरान उन्होंने पीक सीजन के दौरान सेब के आयात पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने का जोरदार आग्रह किया। राज्य के लाखों सेब उत्पादकों की आजीविका बचाने के लिए यह कदम जरूरी बताया गया।
हिमाचल की सेब उद्योग अर्थव्यवस्था का मुख्य आधार है, जो राज्य के राजस्व में भारी योगदान देता है। ऊंचाई वाले बगीचों में कड़ी मेहनत से उगाए जाने वाले सेबों पर सस्ते आयातित सेबों का बाजार में आगमन किसानों के लिए मुसीबत बन गया है। खासकर चीन और अन्य देशों से आने वाले सेब पीक मौसम में बाजारों को भर देते हैं, जिससे स्थानीय उत्पादों के दाम धड़ाम गिर जाते हैं।
मुख्यमंत्री ने बैठक में विस्तार से स्थिति बताई कि किसान खेतीबाड़ी पर भारी खर्च करते हैं, लेकिन आयात के कारण घाटे का सामना कर रहे हैं। उन्होंने सितंबर से नवंबर तक आयात रोकने का प्रस्ताव रखा। मंत्री गोयल ने प्रस्ताव पर गंभीरता से विचार करने का भरोसा दिलाया।
इसके अलावा जीएसटी में छूट और केंद्रीय योजनाओं के तहत सहायता जैसे मुद्दों पर भी चर्चा हुई। सेब बेल्ट के जिलों में किसान संगठन लामबंद हैं और यदि मांगें पूरी न हुईं तो आंदोलन की चेतावनी दे चुके हैं। इस वर्ष रिकॉर्ड फसल की उम्मीद है, ऐसे में केंद्र का सकारात्मक रुख किसानों के लिए वरदान साबित हो सकता है।