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राज्यपाल श्री रमेन डेका ने लखपति दीदियों के हुनर को सराहा

राज्यपाल श्री रमेन डेका ने बुधवार को कबीरधाम प्रवास के दौरान ऐतिहासिक एवं धार्मिक धरोहर भोरमदेव मंदिर प्रांगण में जिले की लखपति दीदियों से मुलाकात की। राज्यपाल ने प्रदर्शनी में लगाए गए विभिन्न...

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Lok Shaktiसंवाददाता (Reporter)
|छत्तीसगढ़|
September 23, 2025
राज्यपाल श्री रमेन डेका ने लखपति दीदियों के हुनर को सराहा
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राज्यपाल श्री रमेन डेका ने बुधवार को कबीरधाम प्रवास के दौरान ऐतिहासिक एवं धार्मिक धरोहर भोरमदेव मंदिर प्रांगण में जिले की लखपति दीदियों से मुलाकात की। राज्यपाल ने प्रदर्शनी में लगाए गए विभिन्न स्व-सहायता समूहों के स्टॉल का अवलोकन किया और महिलाओं द्वारा किए जा रहे आजीविका आधारित कार्यों की सराहना करते हुए उन्हें और आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।

इस अवसर पर राज्यपाल ने महिलाओं की सफलता की कहानियों को ध्यानपूर्वक सुना और उनके नवाचारों तथा जीवन में आए सकारात्मक परिवर्तनों की सराहना की।

राज्यपाल श्री डेका ने ढोलबज्जा की सुखिया बैगा से मुलाकात कर उनके समूह मां लक्ष्मी स्व-सहायता समूह द्वारा बाँस से निर्मित टोकरी, सपा एवं सजावटी सामग्रियों की जानकारी ली। उन्होंने बताया कि समूह की मासिक आमदनी 12 से 15 हजार रुपये तक हो रही है। इसी तरह ग्राम सिल्हाटी की अन्नपूर्णा स्व-सहायता समूह की महिलाओं से बातचीत में राज्यपाल ने उनके बेकरी व्यवसाय, कोदो-कुटकी से पौष्टिक उत्पाद एवं महुआ लड्डू तैयार करने की प्रक्रिया को जाना। महिलाओं ने बताया कि शासन से 3 लाख रुपये का ऋण एवं अनुदान प्राप्त हुआ है, जिससे समूह की आय में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है।

राज्यपाल श्री रमेन डेका ने एकता समूह द्वारा जैविक खेती और ब्लैक राइस उत्पादन की पहल को अभिनव बताते हुए विशेष रूप से सराहा। उन्होंने कहा कि परंपरागत धान की विलुप्त होती प्रजातियों का संरक्षण भविष्य के लिए महत्वपूर्ण कदम है। समूह की महिलाओं ने जानकारी दी कि बीज उत्पादन एवं विपणन से सीजन में 2 से 3 लाख रुपये तक की आमदनी हो जाती है।

इसी क्रम में राज्यपाल ने अमीन माता स्व-सहायता समूह की महिलाओं से भेंट की, जो कपड़े से बैग, पर्स और थैले बनाकर बाजार में अच्छी आमदनी कमा रही हैं। उन्होंने महिलाओं से कहा कि इस तरह के उद्यम से न केवल आर्थिक सशक्तिकरण होगा बल्कि पर्यावरण संरक्षण में भी योगदान मिलेगा।

राज्यपाल श्री डेका ने इस दौरान वन विभाग की ओर से तरेगांव एवं सिंघारी समितियों के शहद संग्राहकों को सुरक्षा किट भी वितरित किए। उन्होंने समूहों द्वारा औषधीय उत्पाद, शहद और अन्य सामग्रियों के बारे में विस्तार से जानकारी ली और कहा कि इन गतिविधियों से ग्रामीण अर्थव्यवस्था मजबूत होगी।

राज्यपाल श्री डेका ने लखपति दीदियों को टिप्स देते हुए कहा कि उत्पादों की गुणवत्ता और पैकेजिंग पर विशेष ध्यान देना चाहिये। ऑनलाइन मार्केटिंग और डिजिटल प्लेटफॉर्म का उपयोग कर इसे बढ़ा सकते है। पारंपरिक उत्पादों को ब्रांडिंग कर राज्य व देश स्तर पर पहचान दिलाएं। इस अवसर पर राज्यपाल श्री रमेन डेका ने सभी लखपति दीदियों को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया।

इस अवसर पर कलेक्टर श्री गोपाल वर्मा, वनमंडलाधिकारी श्री निखिल अग्रवाल एवं जिला पंचायत सीईओ श्री अजय त्रिपाठी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

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