
झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन रांची में रिम्स-2 के लिए प्रस्तावित जमीन पर विरोध प्रदर्शन करने वाले हैं। प्रशासन ने सुरक्षा कड़ी कर दी है और धारा 144 लागू कर दी गई है। चंपई सोरेन का कहना है कि भूमि अधिग्रहण में नियमों का पालन नहीं हुआ है। विरोध प्रदर्शन में हजारों ग्रामीणों के जुटने की संभावना है, जिसके मद्देनजर वाटर कैनन और रबर बुलेट की व्यवस्था की गई है। यह विरोध भूमि अधिग्रहण कानूनों और सीएनटी एक्ट के उल्लंघन के खिलाफ है। चंपई सोरेन आज रांची में रिम्स के लिए प्रस्तावित जमीन पर हल चलाएंगे और धान की रोपाई करेंगे। यह उनका विरोध प्रदर्शन का तरीका है। प्रशासन ने पूरे इलाके में धारा 144 लगाई है और प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए बैरिकेडिंग और सुरक्षा बल तैनात किया है। राजधानी रांची के कांके स्थित नगड़ी में रिम्स-2 की जमीन पर चंपई सोरेन ‘हल जोतो, रोपा रोपो’ कार्यक्रम के तहत हल चलाएंगे। इस दौरान हजारों ग्रामीणों के जुटने की संभावना है। नगड़ी इलाके के प्रस्तावित जमीन के 200 मीटर की परिधि में धारा 144 लागू रहेगी। पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन ने कहा कि रिम्स-2 के लिए जमीन अधिग्रहण में भूमि अधिग्रहण कानून, सीएनटी एक्ट और ग्राम सभा के नियमों का पालन नहीं हुआ है। 24 अगस्त को रिम्स-2 की प्रस्तावित जमीन पर हल चलाकर धान रोपकर विरोध करने की घोषणा की गई है। नगड़ी मौजा में प्रस्तावित रिम्स-2 के सीमांकन और फेंसिंग का काम पूरा हो चुका है।
