
मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) के चुनाव में वोटिंग की शुरुआत सुस्त रही है। सुबह से दोपहर तक मतदान का प्रतिशत उम्मीद से काफी कम रहा, जिस पर महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने तुरंत प्रतिक्रिया दी। उन्होंने सोशल मीडिया और बयानों के जरिए मुंबईवासियों से वोट डालने की जोरदार अपील की।
फडणवीस ने कहा, ‘बीएमसी चुनाव मुंबई के विकास का आधार है। हर नागरिक का कर्तव्य है कि वह मतदान करे। आपका वोट शहर की तकदीर बदलेगा।’ कोलाबा, वर्ली और बांद्रा जैसे प्रमुख इलाकों में दोपहर तक मात्र 10-15 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया।
बीते वर्षों की तरह इस बार भी शहरी उदासीनता और हल्की बारिश ने मतदाताओं को घरों में रोक लिया। चुनाव आयोग के अधिकारियों का मानना है कि दोपहर बाद मतदान में तेजी आ सकती है। बीएमसी, जो भारत की सबसे अमीर महानगरपालिका है, 1.2 करोड़ आबादी के पानी, सड़क और सफाई जैसे सेवाओं का प्रबंधन करती है।
227 वार्डों में 2500 से अधिक उम्मीदवार मैदान में हैं। शिवसेना (यूबीटी), शिंदे गुट, भाजपा और एमएनएस के बीच कांटे की टक्कर है। विशेषज्ञों का कहना है कि कम वोटिंग संगठित वोट बैंक के पक्ष में जा सकती है।
राजनीतिक दल घर-घर जाकर प्रचार तेज कर रहे हैं। चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता के लिए कई बूथों पर वेबकास्टिंग हो रही है। फडणवीस की अपील से उम्मीद है कि शाम तक मतदान प्रतिशत बढ़ेगा। मुंबई की सियासत पर नजरें टिकी हैं।