
नई दिल्ली। असम विधानसभा चुनाव से पहले अंतिम मतदाता सूची को लेकर कांग्रेस के आरोपों पर भाजपा सांसद धर्मवीर सिंह ने कड़ा रुख अपनाया है। आईएएनएस से बातचीत में उन्होंने स्पष्ट किया कि वोट डालने का हक सिर्फ भारतीय नागरिकों को है।
“कांग्रेस के पास आरोप लगाने के सिवा कोई काम नहीं बचा,” सिंह ने व्यंग्य किया। उन्होंने चुनाव आयोग की स्वतंत्रता की तारीफ की और कहा कि विदेशियों को मताधिकार नहीं मिलना चाहिए। “यह धर्म, जाति या क्षेत्र से जुड़ा मुद्दा नहीं, बल्कि नागरिकता का सवाल है। देश के हर कोने में यही नियम लागू होता है।”
पूर्व सेना प्रमुख जनरल मनोज मुकुंद नरवणे की किताब विवाद पर सिंह ने राहुल गांधी पर झूठ बोलने का आरोप लगाया। “विपक्ष के नेता होने के नाते उन्हें जिम्मेदारी निभानी चाहिए। स्पीकर नियम बताते हैं, उसी के अनुसार संसद चलती है। बोलने से कोई नहीं रोकता, लेकिन नियम तो मानने ही पड़ेंगे।”
प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व की सराहना करते हुए सिंह ने अर्थव्यवस्था की प्रगति और विदेश नीति की सफलताओं का जिक्र किया। “अर्थव्यवस्था कहां से कहां पहुंची। विपक्ष विदेश नीति पर सवाल उठाता था, अब अमेरिका-यूरोप हमारे साथ समझौते कर रहे हैं। मुद्दे खत्म होने पर बहाने बनाते हैं। भारत तरक्की कर रहा है, विपक्ष को इसका स्वागत करना चाहिए।”
बांग्लादेश चुनावों पर सिंह ने कहा, “पड़ोसी देशों जैसे बांग्लादेश-पाकिस्तान की स्थिति पसंद नहीं। उन्होंने लोकतंत्र का गला घोंट दिया। ये चुनाव दुनिया को दिखाने के लिए हैं, सच्चाई नहीं उजागर करते।”
सिंह के बयान से भाजपा की मजबूत स्थिति साफ झलकती है।