
पटना हाईकोर्ट की न्यायिक क्षमता को मजबूत करने के लिए सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने महत्वपूर्ण कदम उठाया है। गुरुवार को हुई बैठक में नौ अधिवक्ताओं को जज बनाने की सिफारिश की गई। इन नामों पर विस्तृत चर्चा के बाद सहमति बनी।
सिफारिश में मो. नदीम सेराज, रंजन कुमार झा, कुमार मनीष, संजीव कुमार, गिरिजीश कुमार, आलोक कुमार, राज कुमार, राणा विक्रम सिंह और विकास कुमार शामिल हैं। ये नाम अब केंद्र सरकार को भेजे जाएंगे।
वर्तमान में पटना हाईकोर्ट में 38 जज कार्यरत हैं, जबकि स्वीकृत संख्या 53 है। इस साल तीन जज रिटायर हो रहे हैं, जिनमें चीफ जस्टिस एस.के. साहू भी हैं। नई नियुक्तियों के बावजूद कई पद खाली रहेंगे।
लंबे समय से जजों की कमी पटना हाईकोर्ट को परेशान कर रही है। इससे मुकदमों की सुनवाई प्रभावित हो रही है और लंबित मामलों का ढेर बढ़ रहा है। नए जजों से कार्यप्रणाली में तेजी आएगी।
कॉलेजियम की सिफारिश के बाद केंद्र सरकार की मंजूरी और राष्ट्रपति की अधिसूचना जरूरी है। यह प्रक्रिया पूरी होने पर ही नियुक्तियां अंतिम रूप लेंगी।