
जब बात निवेश की आती है, तो भारतीयों की पहली पसंद सोना और चांदी ही होती है। अगर आपके पास निवेश के लिए 1 लाख रुपये हैं, तो विशेषज्ञों के पास इसका एक सटीक फॉर्मूला है। सोने को हमेशा से एक सुरक्षित संपत्ति माना गया है। आर्थिक मंदी या भू-राजनीतिक तनाव के समय सोने की कीमतें अक्सर बढ़ती हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि 1 लाख रुपये में से कम से कम 60-70% हिस्सा सोने में निवेश करना चाहिए। यह आपके पोर्टफोलियो को स्थिरता प्रदान करता है और लंबे समय में महंगाई को मात देने में मदद करता है।
वहीं दूसरी ओर, चांदी में निवेश उन लोगों के लिए है जो थोड़ा जोखिम उठा सकते हैं और अधिक रिटर्न की चाह रखते हैं। चांदी का उपयोग उद्योगों में, खासकर सोलर पैनल और इलेक्ट्रिक वाहनों में तेजी से बढ़ रहा है। इस औद्योगिक मांग के कारण चांदी में सोने की तुलना में तेजी से बढ़ने की क्षमता होती है। हालांकि, चांदी की कीमतें काफी अस्थिर होती हैं। इसलिए, विशेषज्ञों की सलाह है कि अपने 1 लाख रुपये के बजट का 30-40% हिस्सा ही चांदी में लगाएं। इस तरह आप सोने की सुरक्षा और चांदी की तेजी, दोनों का लाभ उठा पाएंगे।
