
भोजपुर जिले के एक गांव में शादी का उत्साह मातम में बदल गया। दुल्हन रानी कुमारी जयमाला के मंच पर पहुंचने से पहले ही थकान से बेहोश हो गईं। दूल्हा जयप्रकाश शर्मा और पूरा बाराती दल बिना शादी किए लौट गया। अब रानी आरा सदर अस्पताल में भर्ती हैं, जहां उनके टूटे सपनों का दर्द साफ झलक रहा है।
मामला छोटकी सनदिया गांव का है। सुरेंद्र शर्मा ने अपनी इकलौती बेटी रानी का रिश्ता उदवंतनगर के छोटा सासाराम निवासी जयप्रकाश से जोड़ा था। दूल्हा बैंगलोर में नौकरी करता है। तिलक 14 फरवरी को, हल्दी 19 को हुई और 20 को रिसॉर्ट में शादी तय थी। पिता ने बाइक, बेड, बर्तन समेत उपहार दिए थे।
शादी के दिन स्टेज पर दूल्हा हाथ थामे ले जा रहा था कि रानी चिल्लाईं और गिर पड़ीं। रस्में आधी पूरी हो चुकी थीं, लेकिन बारात चली गई। लड़के वालों ने कहा- पहले इलाज कराओ, फिर देखेंगे। उपहार भी लौटा दिए।
अस्पताल में रानी रो-रोकर कह रही हैं- हमार जिंदगी बर्बाद हो गई। मां बसंती देवी ने बताया, बेटी घर-बाजार सब संभालती थी, खाना कम खाया। डॉ. आरएन यादव ने कहा, कमजोरी से चक्कर आया, बीपी-ऑक्सीजन सामान्य। अब ऑब्जर्वेशन में है।
लाखों खर्च, रिश्तेदार मौजूद, फिर भी लड़के वाले नहीं माने। खुशियों का घर उदास हो गया। यह घटना ग्रामीण शादियों की नाजुक डोर को दर्शाती है।